पतरस का प्रथम पत्र।(First Peter) पहला अध्याय। १ पतरस, यीशु मसीह का एक अपौस्ल, पोंतुस, गलाती, कप्पदूकिया, एशिया और बिथुनिया के सर्वत्र में बिखरे हुए उन परदेशियों को, २ ईश्वर पिताश्री के पूर्वज्ञानानुसर निर्वाचित, प्राण के पुनीतकरण द्वारा, अनुपालन और यीशु मसीह के रक्त के छिड़काव में: तुम्हें कृपा मिले, और शान्ति बहुगुणित हो। ३ धन्य हों हमारे प्रभु यीशु मसीह के ईश्वर और पिताश्री, जिन्होंने अपनी प्रचूर दयानुसार यीशु मसीह के मृतकों में से पुनरुत्थान के माध्यम से एक सजीव आशा में हमारा पुनः जनन कर दिया है, ४ एक अविनाशी और दोषहीन उत्तराधिकार में ही, जो क्षीण नहीं होता, स्वर्ग में तुम्हारे लिए आरक्षित, ५ जो ईश्वर की शक्ती द्वारा सुरक्षित रखे जाते हो, विश्वास के माध्यम से बचाव में अंतिम समय में प्रत्यक्षित हो जाने हेतु उद्यत। ६ जिस में कि तुम बहुत हर्ष मनाते हो, भले ही अब इस वर्तमान में थोड़े से समय के लिए, यदि यह आवश्यक हो, तुम बहुसंख्यक परीक्षाओं द्वारा दुखी हो रहे हो: ७ ताकि तुम्हारे विश्वास का परखा जाना, जो कि नश्वर सोने से भी अधिक बहुमूल्यवान है, भले ही वो अग्नि द्वारा परीक्षित क...
Posts
Showing posts from February, 2024
- Get link
- X
- Other Apps
याकूब।(James) पहला अध्याय। १ याकूब, ईश्वर का और प्रभु यीशु मसीह का एक सेवक, उन बारह बाहर बिखरी हुई प्रजातियों को प्रणाम। २ मेरे भाई-जनो, इसे सम्पूर्ण-हर्षितता मान लो जब तुम विभिन्न परीक्षाओं में पड़ जाते हो; ३ यह ज्ञान रखते हुए, कि तुम्हारे विश्वास का परीक्षण धीरज क्रियान्वित करता है। ४ परन्तु धीरज को अपना परिपूर्ण कार्य कर लेने दो, ताकि तुम बिना किसी आभाव के सम्पूर्ण और परिपूर्ण बन जाओ। ५ यदि तुम में से किसी के पास भी विद्या की लघुता हो, तो उसे ईश्वर से माँग लेने दो, जो सभी लोगों को उदारचित्तता से प्रदान कर देते हैं, और डाँटते नहीं हैं, और वो उसे प्रदान कर दी जाएगी। ६ परन्तु उसे विश्वास से माँग लेने दो, डगमगाते हुए नहीं। क्योंकि वो जो डगमगाता है, समुद्र की एक लहर के सदृश है, वायु से उत्तेजित और पटकाया हुआ। ७ क्योंकि उस व्यक्ति को यह मत सोचने दो कि वो प्रभु से कुछ भी प्राप्त कर पाएगा। ८ दो-चित्तता रखने वाला आदमी अपने सभी पथों में अस्थिर होता है। ९ दरिद्र-दीन भाई को हर्ष मना लेने दो कि वो पदोन्नत कर दिया गया है: १० परन्तु उस धनवान को, कि वो तो नीचा बना दिया गया है: चूँकि घास के फूल के स...